Thursday, October 15, 2026
HomePunjabपंजाब में कथित अनियमितताओं की जांच तेज, 29 सदस्यीय CBI टीम सक्रिय

पंजाब में कथित अनियमितताओं की जांच तेज, 29 सदस्यीय CBI टीम सक्रिय

चंडीगढ़, 15 अक्टूबर 2026 (छत्रपाल सिंह): पंजाब में तबादलों और नियुक्तियों, कथित पक्षपातपूर्ण नीतियों तथा टेंडर आवंटन से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने तेज कर दी है। एजेंसी ने इनसे संबंधित 15 मामलों की सरकारी फाइलों की पड़ताल शुरू की है। जानकारी के अनुसार, 29 सदस्यीय CBI टीम पूरे मामले की जांच कर रही है। पंजाब सरकार के विभिन्न विभागों ने एजेंसी को मांगा गया रिकॉर्ड उपलब्ध करा दिया है। जांच के दौरान उन निजी व्यक्तियों को भी शामिल किया गया है, जिन्होंने कथित घोटालों को उजागर किया था।

गौरतलब है कि CBI ने 5 अक्टूबर को मुख्यमंत्री के ओएसडी राजबीर सिंह घुम्मण और पांच अन्य व्यक्तियों—नितिन गोहल, जितिन गोहल, रोमी महाजन, बीर दविंदर तथा आर.एस. नागरा—के खिलाफ मामला दर्ज किया था। एजेंसी ने मुख्यमंत्री कार्यालय में राजबीर घुम्मण की ओएसडी के रूप में नियुक्ति और जितिन गोहल की तैनाती से संबंधित फाइलें भी मांगी हैं। बताया जा रहा है कि पिछले दो दिनों में विभिन्न विभागों ने संबंधित दस्तावेज CBI को सौंप दिए हैं।

भर्ती, हाउसिंग प्रोजेक्ट और नियुक्तियों की फाइलें तलब

जांच के लिए मांगे गए रिकॉर्ड में पंजाब के स्थानीय निकाय विभाग में वर्ष 2024 के दौरान सहायक टाउन प्लानर (ग्रेड-ए) पदों पर हुई भर्ती से संबंधित फाइलें शामिल हैं। इसके अलावा, जीरकपुर के एयरपोर्ट रोड पर गांव छत में मालवा प्रोजेक्ट प्राइवेट लिमिटेड द्वारा विकसित किए जा रहे ‘एसकॉन प्राइमेरा’ ग्रुप हाउसिंग प्रोजेक्ट से संबंधित दस्तावेज भी जांच के दायरे में हैं।

CBI ने राजबीर घुम्मण की विशेष कार्य अधिकारी (OSD) के रूप में नियुक्ति और जितिन गोहल की मुख्यमंत्री कार्यालय में तैनाती से जुड़े रिकॉर्ड भी तलब किए हैं। इन दस्तावेजों की जांच के माध्यम से संबंधित नियुक्तियों और प्रशासनिक प्रक्रियाओं से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।

अस्पताल लाइसेंस, वेरका खरीद और अनाज ढुलाई नीतियों की भी जांच

CBI ने वर्ष 2024 में सरहिंद स्थित ‘माइंड केयर अस्पताल’ के लाइसेंस नवीनीकरण से संबंधित फाइलें भी मांगी हैं। इसके साथ ही वर्ष 2024-25 में वेरका द्वारा की गई खरीद तथा खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग की ओर से वर्ष 2024 के लिए अनाज की ढुलाई और मजदूरी संबंधी तैयार की गई नीतियों का रिकॉर्ड भी तलब किया गया है।

इसके अतिरिक्त, हथियार लाइसेंसों से संबंधित दस्तावेज भी जांच के लिए मांगे गए हैं। एजेंसी इन सभी मामलों में सरकारी रिकॉर्ड और संबंधित दस्तावेजों की जांच कर रही है।

फिलहाल जांच जारी है। इन मामलों में कथित अनियमितताओं के संबंध में अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने और संबंधित तथ्यों की पुष्टि के बाद ही सामने आएंगे।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments