कुरुक्षेत्र, 14 अक्टूबर, 2026 (संजीव शर्मा): उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी हरियाणा सुपर-100 कार्यक्रम को लगातार आगे बढ़ा रहे हैं। हरियाणा सुपर-100 कार्यक्रम शिक्षा क्रांति का मॉडल बन रहा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी शिक्षा से संबंधित हर कार्यक्रम और हर बैठक में सुपर-100 का उल्लेख करते हैं और अधिकारियों को निर्देश देते हैं कि इस कार्यक्रम में किसी भी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए। मुख्यमंत्री का स्पष्ट विजन है कि गरीबी किसी भी बच्चे की प्रतिभा के रास्ते में बाधा नहीं बननी चाहिए। सरकारी स्कूल में पढ़ने वाला बच्चा भी डॉक्टर और इंजीनियर बन सके, इसी सोच के साथ यह कार्यक्रम शुरू किया गया था और आज यह सफलता की नई कहानी लिख रहा है।

उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने मंगलवार को जिले के गांव बरना स्थित हरियाणा सुपर-100 संस्थान का निरीक्षण किया। यह दौरा सुबह लगभग 11 बजे शुरू हुआ और दोपहर 1 बजे तक चला। दौरे के दौरान उपायुक्त ने संस्थान की शैक्षणिक, आवासीय और भोजन व्यवस्था का बारीकी से निरीक्षण किया तथा विद्यार्थियों और स्टाफ के साथ सीधा संवाद किया। इस अवसर पर जिला शिक्षा अधिकारी, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी सहित संबंधित विभागों के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। संस्थान के संचालक नवीन मिश्रा ने उपायुक्त का स्वागत किया और उन्हें पूरे परिसर का भ्रमण करवाया। उपायुक्त ने सबसे पहले संस्थान के कक्षाओं का दौरा किया और विद्यार्थियों से उनकी पढ़ाई के बारे में जानकारी ली। उन्होंने संस्थान के संचालक नवीन मिश्रा से भी परिसर के बारे में विस्तार से जानकारी प्राप्त की। उपायुक्त ने विद्यार्थियों से कहा कि वे हरियाणा के मेधावी बच्चे हैं और सरकार ने उन्हें आगे बढ़ने का अच्छा अवसर दिया है। वे पूरी मेहनत से पढ़ाई करें और अपने जिले का नाम रोशन करें।
उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की डिजिटल शिक्षा को ध्यान में रखते हुए सरकार ने संस्थान में अत्याधुनिक कंप्यूटर लैब स्थापित करने की मंजूरी दे दी है। जल्द ही कंप्यूटर लैब स्थापित की जाएगी। इससे विद्यार्थी मॉक टेस्ट, वीडियो लेक्चर और डिजिटल अध्ययन सामग्री का लाभ उठा सकेंगे। यह लैब विशेष रूप से ग्रामीण पृष्ठभूमि के विद्यार्थियों के लिए वरदान साबित होगी। उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने विद्यार्थियों से पढ़ाई के साथ-साथ खाने-पीने, रहने और अन्य सुविधाओं के बारे में भी विस्तार से बातचीत की। उन्होंने देखा कि रसोई में आधुनिक मशीनों की मदद से भोजन तैयार किया जा रहा था। रोटी बनाने, सब्जियां काटने और बर्तन धोने के लिए मशीनों का इस्तेमाल किया जा रहा था, जिससे साफ-सफाई बनाए रखने में मदद मिलती है। उन्होंने रसोई की स्वच्छता और खाद्य सामग्री की गुणवत्ता पर संतोष व्यक्त किया तथा निर्देश दिए कि भोजन के मेनू में बच्चों की सेहत को ध्यान में रखते हुए आवश्यक पौष्टिक तत्वों का विशेष ध्यान रखा जाए।

उन्होंने छात्रावास के कमरों, शौचालयों, पीने के पानी की व्यवस्था और पुस्तकालय का भी निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को घर जैसा माहौल मिलना चाहिए, ताकि वे बिना किसी चिंता के अपनी पढ़ाई पर पूरा ध्यान केंद्रित कर सकें। उपायुक्त ने कहा कि हरियाणा सुपर-100 संस्थान के ठीक सामने डी-प्लान योजना के तहत एक नया बस स्टैंड बनाया जाएगा। इसके बनने से विद्यार्थियों के अभिभावकों को उनसे मिलने आने में आसानी होगी और विद्यार्थियों को भी आवागमन की सुविधा मिलेगी। इस योजना को जिला परिषद द्वारा मंजूरी दी जा चुकी है और जल्द ही इस पर काम शुरू हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि संस्थान में केवल किताबी ज्ञान ही नहीं दिया जाता, बल्कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए संगीत, खेल, नाटक और योग के विशेष सत्र भी आयोजित किए जाते हैं। हर शनिवार को सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया जाता है, जिससे विद्यार्थियों का तनाव कम होता है और उनमें आत्मविश्वास बढ़ता है। पढ़ाई के साथ-साथ खेल भी जरूरी हैं, इसलिए संस्थान में वॉलीबॉल, बैडमिंटन और कैरम खेलने की सुविधा भी उपलब्ध है।उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि जिला प्रशासन हरियाणा सुपर-100 कार्यक्रम के साथ पूरी तरह खड़ा है। उन्होंने अभिभावकों और विद्यार्थियों से अपील की कि यदि उन्हें किसी भी प्रकार की दिक्कत या परेशानी हो, कोई सुझाव देना हो या किसी सुविधा में कमी महसूस हो, तो वे किसी भी समय सीधे उपायुक्त कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि विद्यार्थी कड़ी मेहनत करके हरियाणा का नाम पूरे देश में रोशन करेंगे।






