हरियाणा, 8 सितंबर, 2026 (संजीव शर्मा): हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा सरकार ने दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना प्रदेश की महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए शुरू की है। इस योजना का लाभ लेने वाली या इसके लिए पंजीकरण करवाने वाली किसी भी मां-बहन को किसी अन्य सरकारी योजना के लाभ से वंचित नहीं किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस योजना का लाभ लेने के लिए पहले परिवार की अधिकतम वार्षिक आय 1 लाख रुपये निर्धारित थी, जिसे अब बढ़ाकर 1.80 लाख रुपये किया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक महिलाएं इस योजना का लाभ उठा सकें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कुछ विपक्षी दलों के नेता महिलाओं में यह भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहे हैं कि यदि वे लाडो लक्ष्मी योजना के लिए पंजीकरण करवाती हैं तो उनके पेंशन जैसे अन्य सरकारी लाभ बंद हो जाएंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि इसमें कोई सच्चाई नहीं है। योजना के लिए पंजीकरण करवाने या इसका लाभ लेने वाली सभी महिलाओं को अन्य सरकारी योजनाओं के लाभ पहले की तरह मिलते रहेंगे।
श्री नायब सिंह सैनी ने बताया कि चुनाव से पहले उनके द्वारा लिए गए 217 संकल्पों में एक संकल्प यह भी था कि सरकार बनने के बाद गरीब परिवारों की महिलाओं को हर महीने 2,100 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। सरकार बनने के बाद पहले ही बजट में इस योजना के लिए 5,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया और 1 लाख रुपये तक की वार्षिक आय वाले परिवारों की महिलाओं को 2,100 रुपये देना शुरू किया गया।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में प्रदेश की लगभग 10 लाख महिलाओं के बैंक खातों में इस योजना के तहत 2,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि भेजी जा चुकी है। इसके अलावा सरकार ने अपने दूसरे बजट में इस योजना के लिए 6,500 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अब सरकार ने फैसला किया है कि योजना में 1.80 लाख रुपये तक की वार्षिक आय वाले परिवारों की महिलाओं को भी शामिल किया जाएगा। इसके लिए जल्द ही पंजीकरण पोर्टल खोला जाएगा। उन्होंने पात्र महिलाओं से अपील की कि पोर्टल खुलने के बाद वे अपना पंजीकरण करवाकर हर महीने 2,100 रुपये की आर्थिक सहायता प्राप्त करें।
श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि इस योजना का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक सहायता देने के साथ-साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनाना और परिवार के आर्थिक निर्णयों में उनकी भूमिका को मजबूत करना है। आय सीमा बढ़ाए जाने से बड़ी संख्या में अतिरिक्त महिलाओं के इस योजना से जुड़ने का रास्ता साफ होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना केवल आर्थिक सहायता देने वाली योजना नहीं है, बल्कि यह प्रदेश की महिलाओं के आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता को मजबूत करने का माध्यम भी है। सरकार का प्रयास है कि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की महिलाओं को सहायता का लाभ सीधे मिले।
उन्होंने कहा कि किसी भी परिवार की आर्थिक मजबूती में महिला की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। जब महिला के पास अपने स्तर पर आर्थिक संसाधन उपलब्ध होते हैं तो उसका आत्मविश्वास बढ़ता है और परिवार के सामाजिक एवं आर्थिक विकास पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ता है। दीनदयाल लाडो लक्ष्मी योजना इसी सोच को आगे बढ़ाती है।
मुख्यमंत्री ने कहा, “महिला सशक्त होगी तो परिवार मजबूत होगा और परिवार मजबूत होगा तो हरियाणा और मजबूत बनेगा।”






