चंडीगढ़, 09 अक्टूबर 2026 (गुरमीत सिंह तुंग): पंजाब पुलिस के प्रमुख गौरव यादव को नियमित (स्थायी) पुलिस महानिदेशक (डी.जी.पी.) नियुक्त कर दिया गया है। इसके साथ ही राज्य में लंबे समय से चली आ रही कार्यकारी डीजीपी की व्यवस्था समाप्त हो गई है। गौरव यादव जुलाई 2022 से कार्यकारी डीजीपी के रूप में जिम्मेदारी संभाल रहे थे। उनकी सेवानिवृत्ति 30 अप्रैल 2029 को निर्धारित है।
पंजाब में नियमित डीजीपी की नियुक्ति को लेकर लंबे समय से प्रक्रिया चल रही थी। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद नियुक्ति की प्रक्रिया आगे बढ़ी और संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की इम्पैनलमेंट कमेटी ने नियमित डीजीपी के चयन के लिए तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के पैनल को मंजूरी दी थी।
पैनल में इन तीन वरिष्ठ अधिकारियों के नाम थे शामिल
सूत्रों के अनुसार, यूपीएससी की इम्पैनलमेंट कमेटी द्वारा स्वीकृत पैनल में 1992 बैच के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी शरद सत्य चौहान, हरप्रीत सिंह सिद्धू और गौरव यादव के नाम शामिल थे। शरद सत्य चौहान उस समय पंजाब विजिलेंस ब्यूरो के मुख्य निदेशक के पद पर कार्यरत थे।
नियमित डीजीपी की नियुक्ति के लिए इन अधिकारियों के नामों पर विचार किया गया। अंततः पंजाब सरकार ने गौरव यादव को राज्य पुलिस का नियमित प्रमुख नियुक्त कर दिया।
सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के बाद शुरू हुई प्रक्रिया
नियमित डीजीपी की नियुक्ति का मामला सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद आगे बढ़ा। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट के 5 फरवरी के निर्देशों के बाद यूपीएससी ने 18 फरवरी को पंजाब सरकार को पत्र भेजकर पात्र आईपीएस अधिकारियों के नाम प्रस्तावित करने को कहा था।
इसके बाद आम आदमी पार्टी की पंजाब सरकार ने 6 अप्रैल को यूपीएससी को 14 पात्र आईपीएस अधिकारियों की सूची भेजी थी। इसी सूची के आधार पर नियमित डीजीपी की नियुक्ति के लिए आगे की प्रक्रिया पूरी की गई।
वरिष्ठता सूची में शरद सत्य चौहान पहले स्थान पर थे
पंजाब सरकार द्वारा यूपीएससी को भेजी गई सूची में 1992 बैच के शरद सत्य चौहान सबसे वरिष्ठ अधिकारी के रूप में पहले स्थान पर थे। हरप्रीत सिंह सिद्धू दूसरे, गौरव यादव तीसरे और कुलदीप सिंह चौथे स्थान पर थे।
सूची में 1993 बैच के तीन और 1994 बैच के सात अधिकारी भी शामिल थे। कुल 14 पात्र आईपीएस अधिकारियों के नामों पर विचार किया गया था।
इम्पैनलमेंट कमेटी में कौन-कौन होता है शामिल?
नियमित डीजीपी के चयन के लिए गठित इम्पैनलमेंट कमेटी में यूपीएससी के अध्यक्ष, केंद्रीय गृह सचिव या निर्धारित रैंक के नामित अधिकारी, केंद्रीय गृह मंत्रालय द्वारा नामित केंद्रीय पुलिस संगठन के प्रमुख तथा संबंधित राज्य के मुख्य सचिव और अतिरिक्त मुख्य सचिव (गृह) शामिल होते हैं।
पंजाब में नियमित डीजीपी की नियुक्ति को राज्य पुलिस प्रशासन के लिहाज से महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। गौरव यादव जुलाई 2022 से कार्यकारी डीजीपी के रूप में कार्य कर रहे थे और अब उन्हें नियमित नियुक्ति मिलने से इस पद पर लंबे समय से बनी अस्थायी व्यवस्था समाप्त हो गई है।





