वॉशिंगटन, 30 सितंबर, 2026 (चौधरी प्रभजीत सिंह): अमेरिका में निवेश के जरिए स्थायी निवास हासिल करने की योजना बना रहे प्रवासियों के लिए EB-5 इमिग्रेंट निवेशक कार्यक्रम अब पहले से अधिक महंगा होने जा रहा है। अमेरिकी नागरिकता एवं आव्रजन सेवा (USCIS) द्वारा जारी अंतिम नियम के तहत EB-5 से संबंधित आवेदनों की फीस में महत्वपूर्ण बढ़ोतरी की गई है। नया नियम 30 नवंबर से लागू होगा।
EB-5 कार्यक्रम के जरिए विदेशी निवेशकों और उनके योग्य परिवार के सदस्यों को अमेरिका में स्थायी निवास प्राप्त करने का अवसर मिलता है। इसके लिए निवेशक को किसी योग्य अमेरिकी व्यावसायिक उद्यम में निवेश करने के साथ कम से कम 10 फुल-टाइम नौकरियां पैदा करने की शर्त पूरी करनी होती है।
नए फीस ढांचे के अनुसार, व्यक्तिगत निवेशकों द्वारा दाखिल किए जाने वाले फॉर्म I-526 की फीस 3,675 डॉलर से बढ़कर 7,615 डॉलर हो जाएगी। इसी तरह, मान्यता प्राप्त क्षेत्रीय केंद्र (Regional Center) के माध्यम से आवेदन करने वालों के लिए शुरुआती फॉर्म I-526E की फीस 3,675 डॉलर से बढ़कर 7,850 डॉलर होगी। इसके अलावा, शुरुआती I-526 और I-526E याचिकाओं पर 75 डॉलर की टेक्नोलॉजी फीस भी लागू की जाएगी। इस बढ़ोतरी से EB-5 के जरिए अमेरिका में निवेश कर ग्रीन कार्ड हासिल करने की योजना बना रहे आवेदकों का शुरुआती खर्च काफी बढ़ जाएगा।
USCIS ने नई फीस का कारण बताते हुए कहा कि एजेंसी की वित्तीय व्यवस्था मुख्य रूप से आवेदन फीस पर निर्भर करती है, न कि करों पर। एजेंसी के अनुसार, आवेदनों की जांच, पृष्ठभूमि की पड़ताल, पात्रता का सत्यापन, धोखाधड़ी की पहचान और कार्यक्रम के संचालन से जुड़े खर्च इमिग्रेशन प्रणाली का उपयोग करने वाले आवेदकों से वसूली गई फीस के माध्यम से पूरे किए जाते हैं।
EB-5 कार्यक्रम भारतीय निवेशकों और उनके परिवारों के बीच भी खास तौर पर चर्चा में रहता है, क्योंकि यह पात्रता की शर्तें पूरी करने वाले विदेशी निवेशकों को अमेरिका में स्थायी निवास की दिशा में आगे बढ़ने का एक रास्ता प्रदान करता है।






