कैनबरा, 30 अक्टूबर 2026 (गुरमीत सिंह तंग): ऑस्ट्रेलिया की अल्बानीज़ सरकार ने अंतरराष्ट्रीय शिक्षा क्षेत्र को बढ़ावा देने और क्षेत्रीय देशों के विद्यार्थियों को राहत देने के उद्देश्य से छात्र वीजा फीस में विशेष छूट जारी रखी है। इस व्यवस्था के तहत प्रशांत द्वीपीय देशों, तिमोर-लेस्ते और दक्षिण-पूर्व एशिया के कुल 23 देशों के पात्र विद्यार्थियों को स्टूडेंट वीजा (सबक्लास 500) के आवेदन शुल्क में रियायत मिलेगी।
ऑस्ट्रेलिया में 1 जुलाई 2026 से सामान्य छात्र वीजा की मुख्य आवेदन फीस 2,000 से बढ़ाकर 2,500 ऑस्ट्रेलियाई डॉलर कर दी गई है। हालांकि, पात्र देशों के आवेदकों को इस बढ़ोतरी से राहत दी गई है और उन पर रियायती शुल्क व्यवस्था लागू रहेगी।
किन देशों के विद्यार्थियों को मिलेगा लाभ?
इस रियायत में फिजी, किरिबाती, नाउरू, पलाऊ, पापुआ न्यू गिनी, समोआ, सोलोमन द्वीप, टोंगा, तुवालू, वानुआतु, माइक्रोनेशिया, मार्शल द्वीप और तिमोर-लेस्ते शामिल हैं।
इसके अलावा ब्रुनेई, कंबोडिया, इंडोनेशिया, लाओस, मलेशिया, म्यांमार, फिलीपींस, सिंगापुर, थाईलैंड और वियतनाम के पात्र विद्यार्थी भी इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगे।
परिवार के सदस्यों को भी मिलेगी रियायत
ऑस्ट्रेलिया के गृह मामलों के विभाग के अनुसार, यदि मुख्य आवेदक निर्धारित शर्तों को पूरा करता है तो उसके साथ आवेदन करने वाले परिवार के सदस्य भी कम वीजा फीस का लाभ उठा सकते हैं। आवेदन के दौरान इमिग्रेशन के ऑनलाइन पोर्टल इमीअकाउंट में पासपोर्ट के आधार पर पात्रता की पहचान की जाएगी।
गौरतलब है कि भारत, नेपाल और पाकिस्तान इस विशेष रियायती सूची में शामिल नहीं हैं। इसलिए इन देशों के विद्यार्थियों को सामान्य वीजा शुल्क का भुगतान करना होगा।






