जगत गुरु नानक देव पंजाब स्टेट ओपन यूनिवर्सिटी, पटियाला की ओर से पंजाब विभाजन-1947 की स्मृति में विशेष समारोह आयोजित
10 अगस्त,2026 (छत्रपाल सिंह): जगत गुरु नानक देव पंजाब स्टेट ओपन यूनिवर्सिटी, पटियाला के माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) रतन सिंह के कुशल मार्गदर्शन में विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग द्वारा पंजाब विभाजन-1947 को समर्पित भारत सरकार द्वारा शुरू किए गए “Partition Horrors Remembrance Day”(विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस) के अवसर पर विशेष सेमिनार आयोजित किया गया और प्रदर्शनी लगाई गई। प्रदर्शनी में विभाजन से संबंधित स्मृतियों को दर्शाने वाली तस्वीरें और पुस्तकें प्रदर्शित की गईं।

विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) रतन सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि पंजाब विभाजन का संताप एक न भूलने वाला दर्द है। इस दौरान केवल लोगों की जानें ही नहीं गईं, बल्कि परिवारों की संपत्ति और सांस्कृतिक विरासत को भी जो नुकसान हुआ, उसकी भरपाई कभी नहीं की जा सकती। इसलिए इस त्रासदी से बहुत कुछ सीखने की आवश्यकता है। इस विशेष समारोह के अवसर पर इतिहास विभाग की ओर से विभाजन के संताप के गवाहों के रिकॉर्ड किए गए बयान भी साझा किए गए, जिनमें उस समय के हालात और विभाजन की त्रासदी को प्रत्यक्ष रूप से झेलने वाले लोगों की यादों को प्रस्तुत किया गया।
विश्वविद्यालय के एसोसिएट डीन डॉ. अमितोज सिंह ने स्वागत भाषण प्रस्तुत किया, जबकि विश्वविद्यालय के रजिस्ट्रार डॉ. बलजीत सिंह खैहरा ने धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत किया। इतिहास विभाग की कोऑर्डिनेटर डॉ. शेफाली बेदी और विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. सतिंदर कौर ने पूरे कार्यक्रम का सफल आयोजन किया। विश्वविद्यालय की ओर से आयोजित इस विशेष सेमिनार में माननीय कुलपति प्रो. (डॉ.) रतन सिंह के अलावा डायरेक्टर सी.आई.क्यूए. डॉ. कुलदीप वालिया, कंट्रोलर परीक्षाएं डॉ. कंवलवीर सिंह ढींढसा और लोक संपर्क विभाग से डॉ. सुखदेव सिंह सहित विभिन्न विभागों के अध्यक्ष एवं शिक्षकगण भी उपस्थित रहे।






