बंदियों के परिजनों को दी गई नि:शुल्क कानूनी सहायता एवं उनके अधिकारों की जानकारी
कुरुक्षेत्र, 3 नवंबर 2026 (संजीव शर्मा): जिला एवं सत्र न्यायाधीश दिनेश कुमार मित्तल के मार्गदर्शन तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं सीजेएम नीतिका भारद्वाज के दिशा-निर्देशों एवं देखरेख में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (डीएलएसए) की ओर से जिला जेल कुरुक्षेत्र के विजिटर एरिया (मुलाकात कक्ष) में लीगल एड हेल्प डेस्क स्थापित किया गया। इस पहल का उद्देश्य जेल में बंद बंदियों से मुलाकात करने आने वाले उनके परिजनों को नि:शुल्क कानूनी सहायता एवं विधिक सेवाओं के प्रति जागरूक करना है।
इस दौरान जिला जेल में बंद बंदियों से मुलाकात करने पहुंचे उनके परिजनों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा उपलब्ध करवाई जा रही नि:शुल्क कानूनी सेवाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि आर्थिक रूप से कमजोर एवं पात्र व्यक्ति किस प्रकार नि:शुल्क कानूनी सहायता प्राप्त कर सकते हैं। इसके साथ ही डीएलएसए की कार्यप्रणाली, कानूनी सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया तथा पैनल अधिवक्ताओं के माध्यम से मिलने वाली सुविधाओं के बारे में भी अवगत करवाया गया।
इस हेल्प डेस्क पर उपस्थित लोगों को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 15100 के बारे में भी जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि इस नंबर पर संपर्क करके नि:शुल्क कानूनी सहायता एवं आवश्यक कानूनी मार्गदर्शन प्राप्त किया जा सकता है। इस अवसर पर परिजनों को जागरूक करते हुए बताया गया कि न्याय प्राप्त करना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है और आर्थिक तंगी किसी भी व्यक्ति के न्याय पाने के रास्ते में बाधा नहीं बननी चाहिए। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण का उद्देश्य समाज के कमजोर एवं जरूरतमंद वर्गों तक कानूनी सहायता पहुंचाना तथा सभी के लिए न्याय सुलभ बनाना है।
इस हेल्प डेस्क की स्थापना से जेल में बंद बंदियों के परिजनों को कानूनी सहायता संबंधी जानकारी प्राप्त करने में सुविधा मिलेगी तथा वे अपने और अपने परिवार के कानूनी अधिकारों के प्रति अधिक जागरूक हो सकेंगे।






