Friday, November 6, 2026
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अंबाला में प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के शहीदी स्मारक का उद्घाटन ऐतिहासिक पल, यह स्मारक आने वाली पीढ़ियों में राष्ट्रभक्ति की अलख जगाएगा – मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

अंबाला, 6 नवंबर, 2026 (संजीव शर्मा): हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि अंबाला की ऐतिहासिक धरती पर प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के शहीदी स्मारक का उद्घाटन देश के इतिहास में एक गौरवशाली और अविस्मरणीय पल है। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह द्वारा इस स्मारक को राष्ट्र को समर्पित करना उन महान बलिदानियों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है, जिन्होंने देश की आजादी के लिए अपना सब कुछ न्योछावर कर दिया। यह स्मारक न केवल 1857 की क्रांति के इतिहास और वीर बलिदानियों के अद्वितीय साहस का साक्षी बनेगा, बल्कि आने वाली पीढ़ियों में राष्ट्रभक्ति, त्याग और देशप्रेम की भावना को भी मजबूत करेगा।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी वीरवार को अंबाला में आयोजित प्रथम स्वतंत्रता संग्राम (1857) के शहीदी स्मारक के उद्घाटन समारोह को संबोधित कर रहे थे। इससे पहले केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने स्मारक का उद्घाटन कर इसे जनता को समर्पित किया। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री श्री मनोहर लाल, कैबिनेट मंत्री श्री अनिल विज, भाजपा की केंद्रीय प्रभारी श्रीमती स्मृति ईरानी और भाजपा की प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता भी उपस्थित थीं।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह का मां अंबा की पावन धरती पर तीन करोड़ हरियाणावासियों की ओर से स्वागत किया। मुख्यमंत्री ने प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के शहीदी स्मारक और नेशनल हाईवे-152जी के जलबेड़ा-शाहाबाद सेक्शन का उद्घाटन कर प्रदेशवासियों को समर्पित करने के लिए केंद्रीय गृह मंत्री का आभार व्यक्त किया।

उन्होंने कहा कि आज अंबाला की धरती पर इतिहास, शौर्य और राष्ट्रीय गौरव का एक नया अध्याय लिखा गया है। हमारे लिए यह बहुत गर्व की बात है कि यह अध्याय देश के यशस्वी केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री के कर-कमलों से लिखा गया है। प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के शहीदी स्मारक का उद्घाटन करके आपने उन महान बलिदानियों को पूरे राष्ट्र की ओर से नमन किया है, जिन्होंने भारत माता की गुलामी की जंजीरों को काटने के लिए अपना सब कुछ न्योछावर कर दिया। उन्होंने आने वाली पीढ़ियों के लिए अपना आज कुर्बान कर दिया, ताकि हम स्वतंत्र भारत में अपना भविष्य संवार सकें।

उन्होंने कहा कि इतिहास के पन्नों और लोगों के मन में अक्सर यह धारणा रही है कि इस महान क्रांति की शुरुआत 10 मई, 1857 को मेरठ से हुई थी। लेकिन प्रथम स्वतंत्रता संग्राम वास्तव में अंबाला में भड़का था, मेरठ से पूरे नौ घंटे पहले। यहीं से उस संघर्ष की नींव रखी गई, जिसने अंततः पूरे देश को एकजुट कर दिया। इस लड़ाई ने भारतीय मानस में राष्ट्रवाद और देशभक्ति की ऐसी भावना जगाई, जो आगे चलकर पूरे स्वतंत्रता आंदोलन की नींव बनी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मुझे पूरा विश्वास है कि यह स्मारक केवल ईंटों और पत्थरों की इमारत बनकर नहीं रहेगा, बल्कि राष्ट्रभक्ति का तीर्थ बनेगा। यहां आने वाला हर युवा उन वीरों के त्याग और साहस को महसूस करेगा और राष्ट्रप्रेम का संकल्प लेकर वापस लौटेगा। यह स्मारक आने वाली पीढ़ियों को याद दिलाता रहेगा कि आजादी हमें विरासत में नहीं मिली, बल्कि यह हमारे वीरों के बलिदानों से हासिल हुई है।

उन्होंने कहा कि श्री अमित शाह का जीवन राष्ट्रसेवा, संगठन के प्रति समर्पण, अद्भुत कार्यकुशलता और दृढ़ संकल्प की प्रेरणादायक मिसाल है। विद्यार्थी जीवन में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से शुरू हुआ आपका सफर अपनी कड़ी मेहनत के बल पर संगठन के शीर्ष नेतृत्व तक पहुंचा है। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में आपने संगठन को देश के कोने-कोने तक पहुंचाया और आज भाजपा दुनिया की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बन गई है। लक्ष्य के प्रति अटूट प्रतिबद्धता, निर्णय लेने का साहस और परिणाम मिलने तक निरंतर प्रयास करना ही आपकी पहचान है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि श्री अमित शाह जी में हमें लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल जी का दृढ़ संकल्प दिखाई देता है। आपके नेतृत्व में देश अपनी गौरवशाली विरासत, संस्कृति और इतिहास को पुनः स्थापित कर रहा है। जिन कार्यों को दशकों तक असंभव माना जाता था, वे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री के रूप में श्री अमित शाह के कार्यकाल में संभव हुए हैं। धारा 370 और 35ए हटेंगी, यह किसने सोचा था? आज वे इतिहास बन चुकी हैं। जम्मू-कश्मीर में एक विधान, एक निशान और एक प्रधान का संकल्प साकार होगा, यह किसने सोचा था? आज यह हकीकत है। नागरिकता संशोधन कानून लागू होगा, यह किसने सोचा था? आज यह भी संभव हुआ है। अंग्रेजों द्वारा बनाए गए आपराधिक कानूनों की जगह भारतीय न्याय दृष्टिकोण पर आधारित तीन नए आपराधिक कानून आएंगे, यह किसने सोचा था? आज देश में नई न्याय व्यवस्था लागू है।

उन्होंने कहा कि सहकारिता मंत्रालय के माध्यम से आपने ‘सहकार से समृद्धि’ के संकल्प को नई दिशा दी है। आपके नेतृत्व में देश की आंतरिक सुरक्षा मजबूत हुई है, सीमाएं सुरक्षित हुई हैं और वामपंथी उग्रवाद जैसी चुनौती पर निर्णायक सफलता मिली है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह का हरियाणा की धरती के साथ विशेष आत्मीय संबंध रहा है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के कुशल नेतृत्व में हरियाणा की जनता ने भाजपा सरकार को लगातार तीसरी बार आशीर्वाद दिया है। आपके मार्गदर्शन में केंद्र और प्रदेश की डबल इंजन सरकार विकास, सुशासन, सुरक्षा और गरीब कल्याण के संकल्प को लगातार आगे बढ़ा रही है।

उन्होंने कहा कि चार दिन पहले ही हरियाणा ने अपनी हीरक जयंती मनाई है। इन 60 वर्षों में हरियाणा ने लंबा सफर तय किया है। संघर्ष से खुशहाली तक, संभावनाओं से उपलब्धियों तक और एक कृषि प्रधान राज्य से आधुनिक औद्योगिक एवं आर्थिक शक्ति बनने तक का सफर हरियाणा ने तय किया है। विशेष रूप से पिछले 12 वर्षों में सुशासन, पारदर्शिता और अंत्योदय की भावना ने इस विकास यात्रा को नई गति दी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले विधानसभा चुनाव में हमने संकल्प पत्र के माध्यम से जनता से 217 वादे किए थे। केवल दो वर्षों में इनमें से 76 संकल्प पूरे हो चुके हैं और बाकी 141 पर पूरी निष्ठा के साथ काम चल रहा है। हम वादे गिनाते नहीं, बल्कि उन्हें पूरा करके दिखाते हैं। जहां नया रास्ता बनता है, वहां पहला कदम हरियाणा का होता है। तीन नए आपराधिक कानूनों को सबसे पहले लागू करने वाला राज्य हरियाणा है। सभी फसलों को एमएसपी पर खरीदने वाला देश का एकमात्र राज्य हरियाणा है। शहीद सैनिकों और अग्निवीरों को एक करोड़ रुपये की अनुग्रह राशि देने वाला पहला राज्य हरियाणा है। स्वतंत्रता सेनानियों को देश में सबसे अधिक 40 हजार रुपये मासिक पेंशन हरियाणा देता है। लाल डोरा मुक्त गांवों, परिवार पहचान पत्र और पेपरलेस रजिस्ट्री की शुरुआत भी सबसे पहले हरियाणा ने की।

उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार हर कदम पर बेटियों के साथ खड़ी है। ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान से लिंगानुपात बढ़कर 900 के पार पहुंच गया है। बेटियों को पोस्ट ग्रेजुएशन तक मुफ्त शिक्षा मिल रही है। 2 लाख 92 हजार बहनें लखपति दीदी बन चुकी हैं। गैस सिलेंडर 500 रुपये में मिल रहा है और लाडो लक्ष्मी योजना के तहत 10 लाख से अधिक बहनों को हर महीने 2100 रुपये मिल रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह के कर-कमलों से हरियाणा के ‘विजन 2047’ का विमोचन हुआ था। आज इसे जमीनी स्तर पर लागू करने के लिए तेजी से काम चल रहा है। हमारा लक्ष्य हरियाणा को 1 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाना और 50 लाख नए रोजगार पैदा करना है। ‘मेक इन हरियाणा’ औद्योगिक नीति-2026 और नई एमएसएमई नीति-2026 इसी रोडमैप की मजबूत कड़ियां हैं। जिस धरती ने प्रथम स्वतंत्रता संग्राम में अपना खून बहाया था, वही धरती आज प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत-2047’ के निर्माण में सबसे आगे खड़ी है।

इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष श्री हरविंदर कल्याण, कैबिनेट मंत्री श्री कृष्ण लाल पंवार, श्री महीपाल ढांडा, श्री विपुल गोयल, डॉ. अरविंद शर्मा, श्री श्याम सिंह राणा, श्री रणबीर गंगवा, श्री कृष्ण बेदी, श्रीमती श्रुति चौधरी, सुश्री आरती राव, राज्य मंत्री श्री गौरव गौतम, डिप्टी स्पीकर डॉ. कृष्ण मिड्ढा सहित सांसद, विधायक और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

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