नई दिल्ली, 08 अप्रैल 2026 : अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में आई भारी गिरावट के बावजूद, आज 8 अप्रैल को देश भर के प्रमुख शहरों में पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतें स्थिर बनी हुई हैं। भारत की तीन प्रमुख तेल विपणन कंपनियों (OMCs) — IOC, BPCL और HPCL — ने फिलहाल ईंधन की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया है।
आमतौर पर ये कंपनियां वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों और विदेशी मुद्रा दरों के आधार पर दैनिक कीमतों में संशोधन करती हैं, लेकिन पिछले कुछ दिनों से दरें यथावत रखी गई हैं।
कच्चे तेल के दामों में गिरावट की मुख्य वजह
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान पर संभावित हमले को दो सप्ताह के लिए टालने के फैसले से अंतरराष्ट्रीय बाजार में बड़ी राहत देखी गई है। ट्रंप ने “द्विपक्षीय युद्धविराम” का प्रस्ताव दिया है, जो ईरान द्वारा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) को सुरक्षित रूप से खोलने पर निर्भर है।
चूंकि दुनिया का लगभग 20% कच्चा तेल इसी रास्ते से गुजरता है, इसलिए इसकी बहाली की उम्मीद ने कीमतों को नीचे गिरा दिया है:
WTI Crude: 17% गिरकर लगभग $95 प्रति बैरल पर आ गया है।
Brent Crude: 16% की गिरावट के साथ $92 प्रति बैरल तक पहुँच गया है।
प्रमुख शहरों में आज की तेल कीमतें (/लीटर)
शहर
पेट्रोल
डीजल
दिल्ली
94.77
87.67
मुंबई
103.54
90.03
कोलकाता
105.45
92.02
चेन्नई
100.80
92.39
बेंगलुरु
102.92
90.99
जयपुर
104.88
90.36
पटना
105.18
92.04
पोर्ट ब्लेयर
82.46
78.05
रांची
97.86
92.62
पंजाब
97.70
88.09
भारत में कीमतें क्यों नहीं घटीं?
वैश्विक कीमतों में गिरावट के बावजूद घरेलू स्तर पर राहत न मिलने का कारण ‘लैग इफेक्ट‘ है। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय बाजार में आई गिरावट का असर भारत के पेट्रोल पंपों तक पहुँचने में आमतौर पर 7 से 10 दिन का समय लगता है।
विशेषज्ञों का मानना है: यदि कच्चा तेल लंबे समय तक $95 प्रति बैरल से नीचे बना रहता है, तो सरकारी तेल कंपनियां जल्द ही आम जनता के लिए पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कटौती का ऐलान कर सकती हैं।