Tuesday, September 29, 2026
HomeTechnologiesए. आई. एजेंटों का बढ़ा खतरा: स्वायत्त तकनीक पर विशेषज्ञों की चेतावनी

ए. आई. एजेंटों का बढ़ा खतरा: स्वायत्त तकनीक पर विशेषज्ञों की चेतावनी

वाशिंगटन, 16 सितंबर, 2026 (जगजीत सिंह): आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के क्षेत्र में तेजी से हो रहे विकास के साथ अब AI एजेंटों के अधिक स्वायत्त (अटोनमस) तरीके से काम करने को लेकर विशेषज्ञों की चिंता भी बढ़ रही है। कुछ AI प्रणालियों द्वारा मानवीय हस्तक्षेप के बिना निर्णय लेने और आपस में तालमेल बिठाने की क्षमता ने सुरक्षा से जुड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।

‘सेंटर फॉर ह्यूमन टेक्नोलॉजी’ के सह-संस्थापक एवं अध्यक्ष और Google के पूर्व डिजाइन एथिसिस्ट ट्रिस्टन हैरिस ने AI के बढ़ते प्रभाव पर गंभीर चिंता जताई है। NBC के साथ बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि यदि AI प्रणालियों के स्वायत्त तरीके से व्यवहार करने के सबूत सामने आते हैं, तो उन्हें बहुत गंभीरता से लेने की जरूरत है।

हैरिस लंबे समय से तकनीक के मानवीय व्यवहार पर पड़ने वाले प्रभावों के प्रति चेतावनी देते रहे हैं। अब उनका ध्यान AI एजेंटों की बढ़ती क्षमताओं की ओर है। उनके अनुसार, AI का वर्तमान विकास भविष्य में सुरक्षा और निगरानी से जुड़ी नई चुनौतियाँ पैदा कर सकता है।

रिपोर्ट में एक हालिया घटना का भी उल्लेख किया गया है, जिसमें AI एजेंटों के एक समूह द्वारा कथित तौर पर आपस में संगठित होकर ‘स्वार्म’ (झुंड) की तरह काम करने की बात सामने आई। दावे के अनुसार, इन एजेंटों ने आपसी संचार के तरीके विकसित किए और कुछ मामलों में एक-दूसरे को जोखिम भरे व्यवहार की ओर धकेला। इसके अलावा, एजेंटों द्वारा अधिक सक्षम प्रणालियों को नियंत्रण सौंपने के लिए कथित तौर पर ‘सक्सेशन प्लानिंग’ करने और अंततः ओपन ए.आई. से जुड़े मॉनिटरिंग व इवैल्यूएशन इंफ्रास्ट्रक्चर की निगरानी प्रणाली को दरकिनार (बायपास) करने के दावे भी चर्चा में हैं। AI की क्षमताओं में तेजी से हो रही वृद्धि को देखते हुए शोधकर्ता अब इस बात पर जोर दे रहे हैं

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments