लुधियाना, 19 सितम्बर 2026, (छत्रपाल सिंह): गुरु अंगद देव वेटरनरी एवं एनिमल साइंसेज विश्वविद्यालय, लुधियाना द्वारा पशुपालन व्यवसायों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले प्रगतिशील किसानों को मुख्यमंत्री पुरस्कार प्रदान किए गए। ये पुरस्कार पंजाब के मुख्यमंत्री श्री भगवंत सिंह मान ने अपने कर-कमलों से प्रदान कर किसानों को सम्मानित किया। इस अवसर पर उनके साथ श्री गुरमीत सिंह खुड्डियां कैबिनेट मंत्री, विधायकगण तथा अन्य गणमान्य अधिकारी उपस्थित थे। श्री सुखजीत पाल सिंह, रजिस्ट्रार एवं कार्यकारी उप-कुलपति , पंजाब कृषि विश्वविद्यालय तथा डॉ. जतिंदर पाल सिंह गिल, उप-कुलपति, गुरु अंगद देव वेटरनरी एवं एनिमल साइंसेज विश्वविद्यालय की उपस्थिति में सम्मान समारोह संपन्न हुआ।
डॉ. रविंदर सिंह गरेवाल, निदेशक प्रसार शिक्षा ने बताया कि पशुपालन व्यवसाय को प्रोत्साहित करने के लिए पूरे पंजाब से किसानों से आवेदन आमंत्रित किए जाते हैं। प्रारंभिक जांच के बाद विश्वविद्यालय के विशेषज्ञों की टीम विभिन्न फार्मों का दौरा करती है और किसानों द्वारा अपनाई गई नवीन एवं स्व-विकसित तकनीकों का गहन मूल्यांकन करने के बाद इन पुरस्कारों की घोषणा की जाती है।
जिला श्री मुक्तसर साहिब के गांव चौंतरा निवासी स. बलविंदर सिंह पुत्र श्री सुरजीत सिंह को “गाय पशुपालक” श्रेणी में सम्मानित किया गया। वे एक सुव्यवस्थित एवं आधुनिक डेयरी फार्म का संचालन कर रहे हैं, जिसमें आधुनिक मशीनीकरण, नस्ल सुधार कार्यक्रम तथा रिकॉर्ड प्रबंधन प्रणाली शामिल है। उनके फार्म में लगभग 90 गायें, बछियाएं और उच्च नस्ल के पशु हैं, जिनसे प्रतिदिन लगभग 12 क्विंटल दूध का उत्पादन होता है। फार्म में दुग्ध दोहन के लिए आधुनिक मिल्किंग पार्लर स्थापित है, जिससे न्यूनतम मानवीय संपर्क के साथ उच्च गुणवत्ता वाले दूध का उत्पादन सुनिश्चित किया जाता है।
जिला संगरूर निवासी श्री राजेश गर्ग, पुत्र श्री चमन लाल, को “नवाचारी पोल्ट्री पालक” श्रेणी में सम्मानित किया गया। उनका पोल्ट्री फार्म 15 एकड़ क्षेत्र में फैला हुआ है, जहां पर्यावरण-नियंत्रित शेडों में लगभग 4.50 लाख अंडा देने वाली मुर्गियां तथा 2 लाख चूजे एवं अन्य पक्षी पाले जा रहे हैं। पर्यावरण-अनुकूल अपशिष्ट प्रबंधन तकनीक अपनाने के लिए उन्हें पंजाब प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा मान्यता भी प्राप्त है। वे निकटवर्ती अस्पताल में मरीजों की सहायता कर समाज सेवा में भी योगदान दे रहे हैं।

पशु उत्पादों के गुणवत्तापूर्ण मूल्य-वर्धित उत्पाद निर्माण श्रेणी में जिला तरनतारन के गांव हरिके निवासी स. जरनैल सिंह, पुत्र स. जसवंत सिंह, को यह पुरस्कार प्रदान किया गया। वे लगभग 50,000 लीटर दूध प्रसंस्करण क्षमता वाली डेयरी प्रोसेसिंग इकाई का संचालन कर रहे हैं। वे दूध प्रसंस्करण तथा उच्च गुणवत्ता वाले दुग्ध उत्पादों एवं मिठाइयों के निर्माण में वैज्ञानिक तकनीकों का उपयोग करते हैं तथा सहायक उत्पादों की बिक्री भी करते हैं।
इस अवसर पर प्रगतिशील किसान एवं फीड मिलर श्री मनदीप सिंह खटड़ा को भी पशुपालन क्षेत्र में उनकी विशिष्ट सेवाओं के लिए सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त श्री ज्योति स्वरूप, उन्नति कोऑपरेटिव को भी सम्मान प्रदान किया गया।
डॉ. गरेवाल ने बताया कि मुख्यमंत्री पुरस्कार में नकद राशि के साथ सम्मान पत्र, शॉल और स्मृति चिन्ह भी दिया जाता है। नकद पुरस्कार गाय पालन के लिए ₹21,000, पोल्ट्री पालन के लिए ₹11,000 तथा गुणवत्तापूर्ण मूल्य-वर्धित उत्पाद के लिए ₹1,1000 है।






