धूरी, 7 अक्टूबर 2026 (गुरमीत सिंह तुंग): धूरी शहर और आसपास के लोगों के लिए बड़ी राहत की खबर है। क्षेत्रवासियों को 47 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से तैयार किए गए 14 एमएलडी क्षमता वाले वाटर ट्रीटमेंट प्लांट की सौगात दी गई है। इस परियोजना के माध्यम से नहर के पानी को उपचारित कर पीने योग्य बनाया जाएगा, जिससे शहर और आसपास के इलाकों में लोगों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम के दौरान सरकार की ओर से बताया गया कि राज्य में नहरी पानी के उपयोग को बढ़ावा देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। सरकार के अनुसार, नहरी पानी की हिस्सेदारी 22 प्रतिशत से बढ़कर करीब 88 प्रतिशत तक पहुंची है। इससे जहां किसानों को सिंचाई के लिए वैकल्पिक जलस्रोत मिला है, वहीं भूजल पर निर्भरता कम करने में भी मदद मिली है। सरकार ने दावा किया कि नहरी पानी के बढ़ते इस्तेमाल का असर फसल उत्पादन पर भी सकारात्मक रूप से पड़ा है।
वहीं, लाल डोरा क्षेत्र में आने वाली जमीनों को लेकर भी बड़ा ऐलान किया गया। सरकार के अनुसार, ऐसे क्षेत्रों में स्थित संपत्तियों की रजिस्ट्रियों की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। इससे संबंधित लोगों को अपने मकानों और जमीनों के कानूनी एवं स्थायी मालिकाना हक हासिल करने का रास्ता साफ होगा।
इस दौरान सी.बी.आई. की कार्रवाई को लेकर भी सरकार की ओर से तीखी प्रतिक्रिया सामने आई। आरोप लगाया गया कि जांच एजेंसियों की छापेमारी राजनीतिक दबाव और बदले की कार्रवाई का हिस्सा है। सरकार ने स्पष्ट किया कि ऐसी कार्रवाइयों से वह डरने वाली नहीं है।
सरकार की ओर से कहा गया कि उसका उद्देश्य सत्ता के माध्यम से व्यक्तिगत लाभ कमाना नहीं, बल्कि पंजाब के विकास और लोगों की सेवा करना है। साथ ही यह भी कहा गया कि पंजाब के लोग किसी भी तरह का अन्याय या दबाव आसानी से स्वीकार नहीं करते।





