सेवा विभाग के नेतृत्व में ग्रामीण व शहरी क्षेत्र में ज्वांइट टॉस्क फोर्स बनाने के दिए निर्देश, टॉस्क फोर्स नशे के सौदागरों के खिलाफ करेगी सख्त कार्रवाई
कुरुक्षेत्र, 25 अक्टूबर 2026 (संजीव शर्मा): उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि जिले में नशे पर पूर्ण रोक लगाने के लिए इसकी बिक्री के नेटवर्क को तोडऩा आवश्यक है। इसके लिए उन्होंने ‘सेवा’ विभाग के नेतृत्व में ग्रामीण स्तर पर सरपंच, वार्ड सदस्य, बीडीपीओ, एसएचओ व क्षेत्र में कार्यरत किसी एनजीओ को शामिल करते हुए तथा शहरी क्षेत्र में नगर निकाय के सचिव, वार्ड पार्षद, एचएचओ तथा एनजीओ को शामिल करते हुए ज्वाइंट टास्क फोर्स बनाने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि यह टास्क फोर्स ऐसे स्थानों को चिह्नित करेंगी जहां नशे की बिक्री होती हो और सख्ती से नशे के सौदागरों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी। नशे के कारोबार में लगे लोगों में इस टास्क फोर्स के प्रति भय होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि नशा पीडि़तों के लिए जिले में नशा मुक्ति केंद्र खोले गए है। इन नशा मुक्ति केंद्र में जो व्यक्ति इलाज करवाकर बाहर निकलते हैं उनकी 3 महीने तक विशेष देखरेख की जाए और इनके लिए कौशल ट्रेनिंग तथा रोजगार देने की भी कार्य योजना तैयार की जाए। नशा पीडि़तों के साथ मैत्री संबंध बनाकर इन्हें फिर से समाज की मुख्य धारा में शामिल करके ही हम आदर्श समाज का निर्माण कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि नशा मुक्ति के लिए विभाग ने ड्रग एडिक्ट मोनिटरिंग सिस्टम भी बनाया गया है ताकि नशा मुक्ति के बाद व्यक्ति की समुचित निगरानी की जा सके और यह सुनिश्चित किया जा सके कि वह फिर से नशे का आदी न हो। उन्होंने बताया कि ‘सेवा’ विभाग राज्य में 35 प्रकार की योजनाओं के माध्यम से पात्र व्यक्तियों व परिवारों को पेंशन सहित अन्य आर्थिक सहायता प्रदान कर रहा है। उन्होंने कहा कि नशा केवल व्यक्ति ही नहीं, बल्कि परिवार, समाज और राष्ट्र के भविष्य को भी प्रभावित करता है। उन्होंने युवाओं का आह्वान किया कि वे नशे से दूर रहकर स्वस्थ, जागरूक एवं जिम्मेदार नागरिक बनें।






