लुधियाना 09 सितंबर, 2026 (राजेश कुमार): गुरु अंगद देव वेटरनरी एवं एनिमल साइंसेज विश्वविद्यालय, लुधियाना में ‘दीक्षारंभ 2026’ के समापन समारोह का आयोजन किया गया। यह छात्र अभिमुखीकरण (स्टूडेंट इंडक्शन) कार्यक्रम कॉलेज ऑफ डेयरी एंड फूड साइंस टेक्नोलॉजी, कॉलेज ऑफ फिशरीज तथा कॉलेज ऑफ एनिमल बायोटेक्नोलॉजी में नवप्रवेशित स्नातक विद्यार्थियों के लिए आयोजित किया गया था।
इस कार्यक्रम का उद्देश्य नए विद्यार्थियों को शैक्षणिक वातावरण, परीक्षा प्रणाली, विश्वविद्यालय के नियमों तथा उनके समग्र विकास के लिए उपलब्ध अवसरों से परिचित कराना था। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने शैक्षणिक एवं परीक्षा प्रणाली, विश्वविद्यालय के नियमों एवं विनियमों, छात्र कल्याण, एनएसएस गतिविधियों, मानसिक स्वास्थ्य, एंटी-रैगिंग जागरूकता तथा करियर अवसरों पर आयोजित विभिन्न संवादात्मक सत्रों में भाग लिया। उन्हें प्रयोगशालाओं, प्रायोगिक डेयरी प्लांट, पंजाब कृषि विश्वविद्यालय, खेल एवं मनोरंजन सुविधाओं, अस्पताल और पुस्तकालय सेवाओं तथा विश्वविद्यालय के विभिन्न विभागों एवं सुविधाओं से भी अवगत कराया गया।

डॉ. जतिंदर पाल सिंह गिल, उप-कुलपति ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उनसे संवाद किया। उन्होंने अनुशासन, निरंतर सीखने, व्यावसायिक दक्षता तथा विश्वविद्यालय जीवन में सक्रिय भागीदारी के महत्व पर बल दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत कॉलेज ऑफ डेयरी एंड फूड साइंस टेक्नोलॉजी के डीन डॉ. सर्वप्रीत सिंह घुम्मन के स्वागत भाषण से हुई। रजिस्ट्रार डॉ. ओपिंदर सिंह ने परीक्षा प्रणाली के नियमों एवं विनियमों पर प्रकाश डाला। छात्र कल्याण निदेशक डॉ. जसपाल सिंह हुंदल ने कक्षा-कक्ष की पढ़ाई से आगे बढ़कर विद्यार्थियों के समग्र विकास के महत्व पर चर्चा की।

कंपट्रोलर डॉ. निर्भय कुमार सिंह ने विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय में उनके अधिकारों और जिम्मेदारियों के बारे में जानकारी दी। डीन, पोस्ट ग्रेजुएट स्टडीज, डॉ. एस.के. उप्पल ने विश्वविद्यालय में उपलब्ध उच्च शिक्षा के अवसरों पर प्रकाश डालते हुए विद्यार्थियों को अपनी विश्वविद्यालयी यात्रा के दौरान शैक्षणिक एवं अनुसंधान संबंधी संभावनाओं का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
समापन सत्र के दौरान प्रत्येक कॉलेज के विद्यार्थियों ने इंडक्शन कार्यक्रम के बारे में अपने अनुभव और विचार साझा किए। कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने तथा स्वस्थ एवं जिम्मेदार जीवन जीने की शपथ भी दिलाई गई।
कार्यक्रम का समापन कॉलेज ऑफ फिशरीज की डीन डॉ. मीरा डी. आंसल द्वारा धन्यवाद प्रस्ताव प्रस्तुत करने के साथ हुआ।






