कुरुक्षेत्र 22 सितंबर, 2026 (संजीव शर्मा): जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं सीजेएम नीतिका भारद्वाज ने कहा कि जिला एवं सत्र न्यायाधीश दिनेश कुमार मित्तल के मार्गदर्शन में डीएलएसए द्वारा गांव लाठी धनौरा एवं गांव बूढ़ा कुरुक्षेत्र में कानूनी जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान पीएलवी रजत ने ग्रामीणों को विभिन्न कानूनी सेवाओं, उनके अधिकारों तथा राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
सीजेएम नीतिका भारद्वाज ने कहा कि कार्यक्रम में ग्रामीणों को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की गरीबी उन्मूलन के प्रभावी क्रियान्वयन संबंधी योजना 2015, नशा मुक्त भारत के लिए जागरूकता, सहायता, सहयोग एवं मार्गदर्शन योजना (डॉन) 2025, तेजाब हमले के पीड़ितों को कानूनी सेवाएं योजना 2016, वरिष्ठ नागरिकों को कानूनी सेवाएं योजना 2016, बाल विवाह उन्मूलन के लिए जागरूकता, सहायता, सहयोग एवं कार्रवाई योजना (आशा) 2025, जमीनी स्तर पर न्याय संबंधी जागरूकता एवं ग्रामीण सूचना और पारदर्शिता योजना (जागृति), मानव-वन्यजीव संघर्ष के पीड़ितों को न्याय तक पहुंच संबंधी योजना 2025, बच्चों के लिए बाल-मित्रवत कानूनी सेवाएं योजना 2024 तथा मानसिक बीमारी से ग्रस्त व्यक्तियों एवं बौद्धिक दिव्यांग व्यक्तियों को कानूनी सेवाएं योजना 2024 के बारे में जानकारी दी गई।

उन्होंने कहा कि पात्र व्यक्तियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से नि:शुल्क कानूनी सहायता, कानूनी सलाह एवं विधिक सेवाएं उपलब्ध करवाई जाती है। साथ ही राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की नि:शुल्क कानूनी सहायता हेल्पलाइन नंबर 15100 के बारे में भी जानकारी दी गई। कार्यक्रम का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को उनके कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा उन्हें उपलब्ध नि:शुल्क विधिक सेवाओं एवं कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्रदान करना था। ग्रामीणों को प्रेरित किया गया कि किसी भी प्रकार की कानूनी समस्या होने पर वे जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से संपर्क कर नि:शुल्क विधिक सहायता प्राप्त कर सकते है।






