कुरुक्षेत्र, 27 अक्टूबर 2026 (संजीव शर्मा): उपायुक्त एवं जिलाधीश विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि दीपावली-2026 के शुभ अवसर पर पटाखों की बिक्री और उनके उपयोग को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए है। इन आदेशों के तहत जिले में निर्धारित स्थानों पर केवल ग्रीन पटाखों की बिक्री के लिए अस्थायी बूथ स्थापित करने की अनुमति दी जाएगी। पटाखों की बिक्री के दौरान सुरक्षा मानकों, पर्यावरण संरक्षण संबंधी निर्देशों और निर्धारित नियमों का सख्ती से पालन करना अनिवार्य होगा।
जिलाधीश विश्राम कुमार मीणा ने जारी आदेशों में कहा कि संबंधित उपमंडल मजिस्ट्रेट (एसडीएम) अपने-अपने क्षेत्र में ग्रीन पटाखों की बिक्री के लिए उपयुक्त स्थानों की पहचान करेंगे तथा निर्धारित अवधि 6 नवंबर से 8 नवंबर 2026 तक अस्थायी लाइसेंस जारी करेंगे। लाइसेंस जारी करते समय सभी आवश्यक शर्तों और सुरक्षा मानकों को ध्यान में रखा जाएगा। प्रशासन ने निर्देश दिए है कि अस्थायी लाइसेंस की संख्या आवश्यकता के अनुरूप सीमित रखी जाए। लाइसेंस धारकों को लिखित में आश्वासन देना होगा कि वे केवल ग्रीन पटाखे ही बेचेंगे और निर्धारित सीमा से अधिक पटाखों का भंडारण नहीं करेंगे। इन आदेशों के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिला प्रशासन द्वारा प्रवर्तन टीमों का गठन किया जाएगा। संबंधित एसडीएम इन टीमों का नेतृत्व करेंगे। टीमों में संबंधित क्षेत्र के पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी), तहसीलदार, अग्निशमन केंद्र अधिकारी अथवा उनके प्रतिनिधि तथा नगर पालिका, नगर परिषद या नगर निगम के दो प्रतिनिधि शामिल होंगे। ये टीमें पटाखों की बिक्री और सुरक्षा व्यवस्था पर निगरानी रखेंगी।
उन्होंने कहा कि लाइसेंस धारकों को केवल सीएसआईआर-एनईईआरआई द्वारा प्रमाणित ग्रीन पटाखे बेचने होंगे। सर्वोच्च न्यायालय, राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी), हरियाणा सरकार और संबंधित विभागों द्वारा जारी निर्देशों की पालना करना अनिवार्य होगा। पुलिस को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं कि लाइसेंस धारक केवल निर्धारित स्थानों पर ही बिक्री करें और अपने लाइसेंस को किसी अन्य व्यक्ति को उप-किराए या हस्तांतरित न करें। नकली ग्रीन पटाखे मिलने पर उन्हें जब्त करने तथा संबंधित विक्रेता का लाइसेंस रद्द करने की सिफारिश सहित नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फ्लिपकार्ट, अमेजन सहित किसी भी ई-कॉमर्स वेबसाइट को कुरुक्षेत्र जिले के अधिकार क्षेत्र में पटाखों के ऑनलाइन ऑर्डर स्वीकार करने और ऑनलाइन बिक्री करने की अनुमति नहीं होगी। इस निर्देश का उल्लंघन होने पर संबंधित थाना प्रभारी की जवाबदेही निर्धारित की जाएगी।
जिलाधीश ने कहा कि अस्थायी पटाखा दुकानों की स्थापना के लिए सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखना होगा। ज्वलनशील सामग्री को सुरक्षित और बंद शेड में रखा जाएगा। पटाखों के बिक्री एवं भंडारण शेड के बीच कम से कम तीन मीटर तथा सुरक्षित कार्य क्षेत्र के बीच कम से कम 50 मीटर की दूरी सुनिश्चित करनी होगी। दुकानों की कतारें आमने-सामने नहीं होंगी और एक समूह में पांच से अधिक दुकानें स्थापित नहीं की जा सकेंगी। दुकानों में तेल से जलने वाले लैंप, गैस लैंप या खुली बत्तियों का उपयोग प्रतिबंधित रहेगा। विद्युत तारों को सुरक्षित ढंग से लगाया जाएगा तथा प्रत्येक दुकान के विद्युत कनेक्शन को मुख्य नियंत्रण स्विच से जोड़ने की व्यवस्था करनी होगी। दुकानों के निर्धारित समूहों के लिए प्राथमिक चिकित्सा, एंबुलेंस और अग्निशमन वाहनों की व्यवस्था सुनिश्चित करनी होगी।
उन्होंने कहा कि बिजली की खुली तारों और स्टॉल के बीच पर्याप्त दूरी रखनी होगी तथा आग बुझाने के लिए रेत, पानी की बाल्टियां और अग्निशमन उपकरण उपलब्ध रखने होंगे। आवंटित स्टॉल पर पांच किलोग्राम क्षमता का अग्निशमन यंत्र रखना भी अनिवार्य किया गया है। अस्पतालों, शिक्षण संस्थानों, न्यायालयों और धार्मिक स्थलों के आसपास 100 मीटर के दायरे में ग्रीन पटाखे फोड़ने या उनका उपयोग करने से संबंधित प्रतिबंधों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए। बेरियम साल्ट युक्त पटाखों की बिक्री की अनुमति नहीं होगी। सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए, ताकि दीपावली का पर्व सुरक्षित, व्यवस्थित और पर्यावरण के अनुकूल ढंग से मनाया जा सके।






