कैबिनेट मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने अस्पताल पहुंचकर मरीजों का जाना हाल, अधिकारियों को मेडिकल सुविधाओं संबंधी दिए निर्देश
संगरूर, 27 मई 2026: बीते दिनों मूनक में एक शादी समारोह के दौरान खाना खाने के बाद कई लोगों (महिलाएं, पुरुष, बच्चे और बुजुर्ग) की अचानक तबीयत बिगड़ गई थी। इसके बाद उन्हें मूनक के सिविल अस्पताल तथा कुछ लोगों को निजी अस्पतालों में भर्ती करवाया गया, जहां उनका उपचार अभी भी जारी है।
कैबिनेट मंत्री एडवोकेट बरिंदर कुमार गोयल ने मामले को गंभीरता से लेते हुए सिविल सर्जन संगरूर, एसडीएम और अन्य अधिकारियों को तुरंत अस्पताल पहुंचकर मरीजों का उचित इलाज सुनिश्चित करने और हर प्रकार की सुविधाएं उपलब्ध करवाने के सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जब तक सभी मरीज पूरी तरह स्वस्थ नहीं हो जाते, तब तक स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक अधिकारी 24 घंटे स्थिति पर नजर बनाए रखेंगे।
इसी के तहत स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों ने अस्पताल पहुंचकर मरीजों के इलाज और सुविधाओं का जायजा लिया। मरीजों के उपचार में तेजी लाई गई तथा विभिन्न शहरों से डॉक्टरों की टीमों को बुलाकर हर प्रकार की चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध करवाई गईं। कुछ मरीजों को संगरूर रेफर भी किया गया।
अस्पताल पहुंचे कैबिनेट मंत्री बरिंदर गोयल
आज कैबिनेट मंत्री एडवोकेट बरिंदर कुमार गोयल स्वयं सिविल अस्पताल मूनक पहुंचे और मरीजों का हालचाल जाना। उन्होंने अस्पताल में किए गए प्रबंधों पर संतोष व्यक्त किया। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य विभाग, डॉक्टरों और प्रशासनिक अधिकारियों से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली तथा मरीजों के चल रहे इलाज संबंधी जानकारी भी हासिल की।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने बताया कि शादी में खाना खाने के बाद करीब 72 लोगों को सरकारी अस्पतालों तथा कुछ को निजी अस्पतालों में भर्ती करवाया गया है। उन्होंने कहा कि परमात्मा की कृपा से सभी मरीज खतरे से बाहर हैं।
उन्होंने बताया कि कौहरियां, संगरूर, भवानीगढ़ और लहरागागा से डॉक्टरों की टीमें मरीजों का इलाज कर रही हैं। वहीं पटियाला से भी विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक टीम मूनक अस्पताल पहुंच रही है। सिविल सर्जन संगरूर स्वयं पूरे मिशन की निगरानी कर रहे हैं तथा डायरेक्टर हेल्थ से भी बातचीत की जा चुकी है, ताकि मरीजों के इलाज में किसी प्रकार की कमी न रहे।
मंत्री ने कहा कि मरीजों के उपचार में किसी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तीन एंबुलेंस मौके पर तैनात रखी गई हैं। मरीजों ने भी अस्पताल में मिल रही चिकित्सा सुविधाओं पर संतोष जताया।
मिलावटखोरी के खिलाफ सख्त कानून बनाने की मांग
कैबिनेट मंत्री बरिंदर गोयल ने कहा कि दूध और अन्य खाद्य पदार्थों में मिलावटखोरी के खिलाफ केंद्र सरकार को पूरे देश में सख्त कानून बनाने चाहिए, ताकि मिलावटी खाद्य पदार्थों के कारण होने वाली ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार भी इस मामले को गंभीरता से लेते हुए उचित कार्रवाई करेगी।