शिमला, 11 जुलाई, 2026 : हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला के संजौली स्थित बोथवेल एस्टेट में पिछले 36 घंटों से जारी भारी बारिश के कारण भूस्खलन का खतरा पैदा हो गया। तड़के करीब 3 बजे हुए भू-स्खलन के बाद करीब 10 मकान प्रभावित हुए हैं, जिनमें से 3 से 6 घरों पर तत्काल ढहने का खतरा बताया जा रहा है।
डरे-सहमे स्थानीय लोग रात से ही घरों से बाहर हैं। निवासियों ने आरोप लगाया कि मानसून के दौरान निर्माण कार्य पर प्रतिबंध के बावजूद इलाके में खुदाई और निर्माण जारी रहा, जिससे यह स्थिति बनी। वहीं निर्माण स्थल के मालिक नरेश जिंटा ने आरोपों से इनकार करते हुए कहा कि पिछले एक महीने से कोई निर्माण नहीं हुआ और भूस्खलन की मुख्य वजह बंद नालों के कारण जलभराव है।
नगर निगम और प्रशासन ने मौके का निरीक्षण शुरू कर दिया है। प्रभावित ढलान को तिरपाल से ढकने और अन्य सुरक्षा उपाय करने का आश्वासन दिया गया है। स्थानीय पार्षद ममता चंदेल ने कहा कि यदि मानसून प्रतिबंध के दौरान निर्माण कार्य हुआ है तो जांच के बाद संबंधित लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन लगातार हालात पर नजर रखे हुए है।






