फतेहगढ़ साहिब, 16 सितंबर, 2026 (छत्रपाल सिंह): प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत जिला फतेहगढ़ साहिब में चुने गए गांवों की बुनियादी सुविधाओं और विकास कार्यों की प्रगति का जायजा लेने के लिए डिप्टी कमिश्नर डॉ. सोना थिंद की अध्यक्षता में जिला प्रशासनिक परिसर स्थित उनके कार्यालय में जिला स्तरीय प्रोजेक्ट अप्रैज़ल कन्वर्जेंस कमेटी की बैठक हुई।
बैठक के दौरान डिप्टी कमिश्नर डॉ. सोना थिंद ने बताया कि पीएम आदर्श ग्राम योजना के तहत जिले के 128 गांव चुने गए हैं, जिनमें अमलोह ब्लॉक के 34, बस्सी पठाना के 27, खमाणों के 27, सरहिंद के 29 और खेड़ा ब्लॉक के 11 गांव शामिल हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 2020-21 के डिजिटल सर्वे के दौरान जिले के 33 गांवों और वर्ष 2021-22 के दौरान 10 गांवों, यानी कुल 43 गांवों के सर्वांगीण विकास के लिए करीब 8 करोड़ 60 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि डिजिटल सर्वे से तैयार किए जाने वाले विलेज डेवलपमेंट प्लान (ग्राम विकास योजना) में गांव की वास्तविक तस्वीर दिखाई देनी चाहिए। शिक्षा, आंगनवाड़ी, स्कूलों में शौचालय, सोलर लाइट, जल निकासी की परियोजनाएं, पोषण, डिजिटल सुविधाएं और विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की पहुंच में जहां भी कमी सामने आए, उसे प्राथमिकता के आधार पर विकास योजना से जोड़ा जाए। उन्होंने अधिकारियों को ग्राम स्तरीय समितियों के माध्यम से हाउसहोल्ड सर्वे पूरा करके सही विवरण पोर्टल पर अपडेट करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि आदर्श गांव की पहचान सिर्फ नए विकास कार्यों से नहीं होगी, बल्कि इस बात से होगी कि गांव के आखिरी पात्र परिवार तक बुनियादी सुविधा और सरकारी योजना का लाभ पहुंचा है या नहीं।
बैठक में मुकुल बावा (जिला सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता अधिकारी), सरहिंद, बस्सी पठाना, खेड़ा और खमाणों के बीडीपीओ, जिला रोजगार अधिकारी, सभी तहसील सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता अधिकारियों सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद थे।






