टोहाना, 25 सितंबर, 2026 (संजीव शर्मा): डीसी डॉ. विवेक भारती ने वीरवार को लघु सचिवालय टोहाना में जिले में चल रही पावर ग्रिड परियोजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को परियोजनाओं से संबंधित प्रक्रिया को निर्धारित समयसीमा में नियमानुसार आगे बढ़ाने तथा संबंधित विभागों, एजेंसियों और किसानों के बीच बेहतर समन्वय सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि परियोजनाओं के क्रियान्वयन में आने वाली समस्याओं का समयबद्ध समाधान किया जाए और कार्य की गुणवत्ता का भी विशेष ध्यान रखा जाए।
बैठक में पावर ग्रिड के अधिकारियों ने बताया कि सिवानी-पातड़ा 400 केवी परियोजना के तहत टोहाना और भुना क्षेत्र के 11 गांवों में कुल 87 लोकेशन शामिल हैं। परियोजना के संबंध में पारता, लोहाखेड़ा, पिरथला और बिढ़ाई खेड़ा के किसानों के साथ बैठक कर आगामी प्रक्रिया शुरू करने पर चर्चा की गई।
डीसी डॉ. विवेक भारती ने निर्देश दिए कि मार्केट रेट कमेटी की प्रक्रिया नियमानुसार पूरी की जाए। उन्होंने किसानों से आह्वान किया कि वे इस प्रक्रिया में सक्रिय रूप से शामिल हों, ताकि किसानों की सहभागिता के साथ आगामी कार्रवाई पारदर्शी एवं नियमानुसार आगे बढ़ाई जा सके। उन्होंने अधिकारियों को किसानों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखने तथा उनकी शंकाओं और समस्याओं का समयबद्ध समाधान करने के निर्देश दिए।
उन्होंने किसानों से अपना वैल्यूअर नियुक्त करने की भी अपील की, ताकि भूमि, फसल एवं अन्य संबंधित पहलुओं के मूल्यांकन की प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से पूरी की जा सके। डीसी ने कहा कि परियोजना के क्रियान्वयन में किसानों के हितों का पूरा ध्यान रखा जाएगा। पावर ग्रिड की परियोजनाएं व्यापक जनहित और राष्ट्रहित से जुड़ी हैं, इसलिए इनके सफल क्रियान्वयन में सभी संबंधित पक्षों का सहयोग आवश्यक है।
डीसी ने राजस्व एवं पंचायत विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि परियोजना से संबंधित गांवों के किसानों के साथ निरंतर तालमेल बनाए रखें और उन्हें परियोजना की प्रक्रिया तथा इससे संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी उपलब्ध करवाएं। उन्होंने पावर ग्रिड के अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों को परियोजना के नक्शे, लोकेशन एवं अन्य संबंधित जानकारी उपलब्ध करवाई जाए, ताकि किसानों को परियोजना की स्थिति और प्रक्रिया के बारे में स्पष्ट जानकारी मिल सके।
इस अवसर पर एसडीएम आकाश शर्मा, बीडीपीओ बलजीत सिंह, राहुल श्योकंद, नायब तहसीलदार रशवेंद्र सिंह, अनिल कुमार सहित संबंधित गांवों के किसान, पावर ग्रिड के चीफ मैनेजर नरपत राम कौशल, जीएम परवीन कुमार, इंजीनियर रोहित शर्मा और राहुल सहित अन्य अधिकारी एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।