शिमला, 26 सितंबर 2026 (छत्रपाल सिंह): हिमाचल प्रदेश में इस साल मानसून के दौरान हुई तबाही और नुकसान का जमीनी आकलन करने के लिए गृह मंत्रालय का अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय दल प्रदेश का दौरा करेगा। राज्य सरकार ने मानसून में हुए नुकसान को लेकर केंद्र को करीब 3,200 करोड़ रुपये का मेमोरेंडम भेजा है।
केंद्रीय दल बादल फटने, अचानक आई बाढ़ और भूस्खलन से प्रभावित इलाकों का दौरा कर वास्तविक स्थिति का जायजा लेगा। गृह मंत्रालय के आपदा प्रबंधन प्रभाग ने इस दौरे की जानकारी हिमाचल सरकार को दे दी है।
एन.डी.आर.एफ. से मिलने वाली सहायता पर पड़ेगा असर
केंद्रीय दल की रिपोर्ट के आधार पर आपदा प्रभावित हिमाचल को एनडीआरएफ के तहत मिलने वाली वित्तीय सहायता की राशि तय की जाएगी। वहीं, एसडीआरएफ के तहत मिलने वाली राशि वित्त आयोग की सिफारिशों के आधार पर निर्धारित होती है।
गृह मंत्रालय के अनुसार, अंतर-मंत्रालयी केंद्रीय दल का नेतृत्व गृह मंत्रालय के संयुक्त सचिव रामचंद्रुडु करेंगे। वह 28 सितंबर को गगल एयरपोर्ट पहुंचेंगे। इसके बाद दल विभिन्न प्रभावित क्षेत्रों का फील्ड निरीक्षण कर नुकसान और मौजूदा हालात का आकलन करेगा।
30 सितंबर को बंजार का दौरा
केंद्रीय टीम के कार्यक्रम के अनुसार 30 सितंबर को बंजार में फील्ड विजिट प्रस्तावित है। इसके बाद दोपहर में टीम शिमला के लिए रवाना होगी। उसी शाम होटल पीटरहॉफ में मुख्य सचिव और प्रदेश के अन्य वरिष्ठ सचिवों के साथ टीम की बैठक/डिनर निर्धारित है।
मुख्यमंत्री से होगी बैठक
1 अक्टूबर की सुबह केंद्रीय दल की मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के साथ बैठक होगी। इसके बाद चंडीगढ़ वापसी के दौरान टीम शिमला, कसौली और परवाणू के आपदा प्रभावित क्षेत्रों का भी निरीक्षण करेगी।
केंद्रीय दल का हिमाचल दौरा 1 अक्टूबर तक प्रस्तावित है। इसके बाद फील्ड निरीक्षण और राज्य सरकार के मेमोरेंडम के आधार पर तैयार रिपोर्ट आपदा राहत के लिए केंद्र से मिलने वाली सहायता में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।






