विशेषज्ञों ने किसानों को पराली प्रबंधन की वैज्ञानिक तकनीकों से कराया अवगत
फतेहगढ़ साहिब, 9 अक्टूबर 2026 (छत्रपाल सिंह): कृषि विज्ञान केंद्र द्वारा किसानों को फसल अवशेषों के उचित प्रबंधन के प्रति जागरूक करने के लिए जिला स्तरीय जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। इस शिविर में 150 से अधिक किसानों ने भाग लिया। यह जानकारी उप निदेशक (प्रशिक्षण) डॉ. हरदीप सिंह सभिखी ने दी।
उन्होंने बताया कि शिविर के दौरान डॉ. रीत वर्मा, सहायक प्रोफेसर (पौध संरक्षण) ने किसानों को धान की पराली का खेत में ही उचित प्रबंधन करने वाली तकनीकों को अपनाने के लिए प्रेरित किया। इसके साथ ही उन्होंने गेहूं की फसल में होने वाले गुलाबी सुंडी के प्रकोप को लेकर किसानों की शंकाओं का समाधान भी किया।
डॉ. अजय कुमार, सहायक प्रोफेसर (मृदा विज्ञान) ने किसानों को पराली प्रबंधन के लिए वैज्ञानिक तरीकों को अपनाने तथा अधिक से अधिक संख्या में पंजाब कृषि विश्वविद्यालय से जुड़ने का आह्वान किया। उन्होंने किसानों को धान की पराली जलाने के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी दी और पराली को मिट्टी में मिलाने के लाभों से भी अवगत कराया।
इस अवसर पर डॉ. अरविंद प्रीत कौर, सहायक प्रोफेसर (बागवानी), डॉ. गुरअंशप्रीत सिंह सेठी, सहायक प्रोफेसर (पशु विज्ञान) सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।





