चंडीगढ़, 07 सितंबर, 2026 (अमनदीप सरां): पंजाब के कई सरकारी और निजी थर्मल प्लांटों के यूनिट बंद होने से बिजली उत्पादन में बड़ी गिरावट आई है। इसके चलते घरेलू, कृषि और औद्योगिक उपभोक्ताओं को पिछले कुछ दिनों से अघोषित बिजली कटों का सामना करना पड़ रहा है।
मानसा के बनांवाला स्थित तलवंडी साबो पावर लिमिटेड का एक प्रमुख यूनिट बंद है, जबकि राजपुरा स्थित नाभा पावर लिमिटेड के दोनों यूनिट भी अपनी क्षमता से काफी कम बिजली पैदा कर रहे हैं।
बिजली संकट की मुख्य वजह कोयले की कमी और उसकी आपूर्ति में बाधा बताई जा रही है। बिजली मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौंढ़ ने भी माना है कि कोयले की सप्लाई प्रभावित होने से थर्मल प्लांटों का उत्पादन घटा है।
राज्य के पांच प्रमुख थर्मल प्लांटों की कुल 5,680 मेगावाट क्षमता के मुकाबले फिलहाल करीब 3,250 से 3,500 मेगावाट बिजली ही पैदा हो रही है। वहीं, बिजली कटों के विरोध में किसान संगठनों ने कई जगह बिजली दफ्तरों के बाहर धरने शुरू कर दिए हैं।






