कुरुक्षेत्र, 9 सिंतबर, 2026 (संजीव शर्मा): जिला एवं सत्र न्यायाधीश दिनेश कुमार मित्तल के मार्गदर्शन एवं मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी-सह-सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के दिशा-निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा कानूनी जागरूकता बस के माध्यम से गांव हसनपुर, गमूर खेड़ी, समसीपुर एवं नर-कतारी में विशेष कानूनी जागरूकता अभियान चलाया गया।
इस अभियान के दौरान ग्रामीणों को विभिन्न कानूनी अधिकारों, विधिक सेवाओं एवं कल्याणकारी योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। ग्रामीणों को पॉक्सो अधिनियम, पीड़ित मुआवजा योजना, पीड़ित देखभाल एवं सहायता प्रणाली, मौलिक अधिकार एवं कर्तव्य, महिलाओं का घरेलू हिंसा से संरक्षण अधिनियम, किशोर न्याय अधिनियम, मध्यस्थता प्रक्रिया तथा सामुदायिक मध्यस्थता केंद्र, किरमच के बारे में जागरूक किया गया।
इस कार्यक्रम में ग्रामीणों को नालसा हेल्पलाइन नंबर 15100 की जानकारी देते हुए बताया गया कि जरूरतमंद व्यक्ति नि:शुल्क कानूनी सहायता एवं मार्गदर्शन प्राप्त कर सकते हैं। इसके साथ ही 12 सितंबर 2026 को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के बारे में भी ग्रामीणों को जानकारी दी गई। इसके अतिरिक्त नालसा जागृति योजना, मेडिएशन फॉर द नेशन 3.0, आपदा पीड़ितों के लिए नालसा विधिक सेवा योजना, 2010 सहित अन्य विधिक सेवा योजनाओं के बारे में भी जागरूक किया गया।
इस अभियान को अधिक प्रभावी एवं जनोपयोगी बनाने के लिए कृषि विभाग के प्रतिनिधि ने भी ग्रामीणों के साथ संवाद किया। उन्होंने विशेष रूप से किसानों को कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न कृषि योजनाओं, सरकारी सुविधाओं एवं किसान हितैषी योजनाओं की जानकारी दी तथा पात्र लाभार्थियों को इनका लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
इसी क्रम में पीएनबी आरसेटी के प्रतिनिधि ने ग्रामीणों को कौशल प्रशिक्षण, स्वरोजगार, उद्यमिता, वित्तीय जागरूकता एवं आजीविका के अवसरों से संबंधित विभिन्न कार्यक्रमों और योजनाओं की जानकारी प्रदान की। इस संयुक्त जागरूकता अभियान का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को उनके कानूनी अधिकारों के साथ-साथ सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं एवं स्वरोजगार के अवसरों की जानकारी उनके गांव तक पहुंचाना रहा। ग्रामीणों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा उपलब्ध नि:शुल्क कानूनी सहायता का लाभ उठाने के लिए भी प्रेरित किया गया।
इस कानूनी जागरूकता बस के माध्यम से चलाए गए इस अभियान को ग्रामीणों की ओर से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली। इस पहल के माध्यम से कानूनी जागरूकता एवं जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी को ग्रामीणों के द्वार तक पहुंचाने का प्रभावी प्रयास किया गया।






