कोलंबो: श्रीलंका ने इंग्लैंड के खिलाफ एक रोमांचक वनडे मुकाबले में 430 रन का विशाल लक्ष्य हासिल कर ऐतिहासिक जीत दर्ज की। श्रीलंकाई टीम ने आठ विकेट गंवाकर आखिरी ओवर की पांचवीं गेंद पर लक्ष्य पूरा किया। यह वनडे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में श्रीलंका का सबसे बड़ा सफल रन चेज रहा।
इंग्लैंड ने कप्तान हैरी ब्रूक की विस्फोटक बल्लेबाजी के दम पर निर्धारित 50 ओवर में चार विकेट पर 429 रन बनाए। ब्रूक ने 116 गेंदों में 202 रन की शानदार पारी खेली, जिसमें 21 चौके और 10 छक्के शामिल रहे। वह वनडे क्रिकेट में दोहरा शतक लगाने वाले इंग्लैंड के पहले बल्लेबाज बने। जो रूट ने 69, विल जैक्स ने नाबाद 66 और टॉम बैंटन ने 50 रन का योगदान दिया।
430 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए श्रीलंका की शुरुआत खराब रही और टीम ने केवल 24 रन पर दो विकेट गंवा दिए। इसके बाद अविष्का फर्नांडो और पवन रत्नायके ने तीसरे विकेट के लिए 166 रन की अहम साझेदारी कर पारी को संभाला। फर्नांडो 97 रन बनाकर आउट हुए, जबकि रत्नायके ने 130 रन की पारी खेली और उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।
शनाका और लियानागे ने दिलाई निर्णायक बढ़त
दासुन शनाका ने 50 गेंदों में 97 रन बनाकर मुकाबले का रुख बदल दिया। उनकी पारी में छह चौके और आठ छक्के शामिल थे। उन्होंने रत्नायके के साथ 133 रन की साझेदारी की। इसके बाद जनिथ लियानागे ने केवल 27 गेंदों में नाबाद 61 रन बनाकर श्रीलंका को जीत के करीब पहुंचाया।
अंतिम ओवर में इंग्लैंड के गेंदबाज जोश टंग ने लगातार दो विकेट लेकर मुकाबले को रोमांचक बना दिया, लेकिन लियानागे ने छक्का लगाकर श्रीलंका को ऐतिहासिक जीत दिला दी। इंग्लैंड की ओर से टंग ने तीन और सैम करन ने दो विकेट हासिल किए।
वनडे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे बड़े सफल रन चेज का विश्व रिकॉर्ड दक्षिण अफ्रीका के नाम है। दक्षिण अफ्रीका ने 2006 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ नौ विकेट पर 438 रन बनाकर जीत दर्ज की थी। श्रीलंका की यह जीत बड़े लक्ष्य का पीछा करने के मामले में उसके क्रिकेट इतिहास की महत्वपूर्ण उपलब्धियों में शामिल हो गई।






