फतेहगढ़ साहिब, 16 अगस्त,2026 (संजीव शर्मा): देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर सरहिंद के माधोपुर खेल स्टेडियम में जिला प्रशासन फतेहगढ़ साहिब द्वारा आयोजित जिला स्तरीय समारोह में बतौर मुख्य अतिथि पंजाब विधानसभा के स्पीकर श्री कुलतार सिंह संधवां ने शिरकत की और राष्ट्रीय ध्वज फहराने की रस्म अदा की।
स्पीकर श्री कुलतार सिंह संधवां ने अपने संबोधन के दौरान समूचे जिले के निवासियों सहित सभी पंजाबियों को स्वतंत्रता दिवस की बधाई दी और देश के लिए महान बलिदान देने वाले शहीदों को नमन किया। उन्होंने कहा कि फतेहगढ़ साहिब की पवित्र धरती पर वे जितनी बार भी नतमस्तक हुए हैं, उतनी ही बार उन्होंने अपने भीतर अपार आध्यात्मिक शक्ति का संचार महसूस किया है। उन्होंने कहा कि फतेहगढ़ साहिब के भाग्यशाली निवासियों के रूबरू होकर उन्हें उस आध्यात्मिक ऊर्जा में कई गुना वृद्धि महसूस हो रही है। ऐसा लगता है जैसे छोटे साहिबजादों और माता गुजरी जी की पवित्र छुअन ने इस मिट्टी के कण-कण में अपनी असीम ऊष्मा भर दी हो और अपनी पवित्र सुगंध बिखेर दी हो। इस कारण इस धरती को बार-बार कोटि-कोटि प्रणाम करने का मन करता है। उन्होंने कहा कि हमारा मुख्य उद्देश्य केवल योजनाओं की घोषणा करना नहीं, बल्कि लोगों के जीवन में वास्तविक बदलाव लाना है। इसी प्रतिबद्धता के तहत पंजाब सरकार द्वारा जिला फतेहगढ़ साहिब और पूरे पंजाब के विकास, बुनियादी ढांचे, शिक्षा, स्वास्थ्य और सामाजिक कल्याण के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता सेनानी हमारा वास्तविक गौरव हैं। राज्य सरकार ने स्वतंत्रता सेनानियों और उनके वारिसों को मिलने वाली पेंशन 9,400 रुपये से बढ़ाकर 11,000 रुपये कर दी है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत अब तक 4 लाख से अधिक श्रद्धालुओं को विभिन्न धार्मिक स्थलों की यात्रा करवाई जा चुकी है। राज्य सरकार को श्री गुरु रविदास जी महाराज का 650वां प्रकाश पर्व बड़े स्तर पर मनाने का सौभाग्य मिला है, जिसके लिए सालभर चलने वाले कार्यक्रमों के लिए बजट में 100 करोड़ रुपये का विशेष प्रावधान किया गया है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा खनन और खनिज पदार्थों पर लाया गया विधेयक राज्यों के अधिकारों और वित्तीय स्वायत्तता पर सीधा प्रहार है। उन्होंने कहा कि खनन से जुड़े मामलों में राज्यों के अधिकारों को कमजोर करना संवैधानिक ढांचे की भावना के विपरीत है। केंद्र सरकार को राज्यों के संवैधानिक अधिकारों का सम्मान करते हुए ऐसे एकतरफा फैसले लेने से बचना चाहिए। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने नशों की दलदल को खत्म करने के लिए जहां गैरकानूनी तत्वों पर कानून का सख्त शिकंजा कसा है, वहीं पीड़ित युवाओं के इलाज, पुनर्वास, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, कौशल विकास और खेल मैदानों की बहाली के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ काम किया है। हमारा उद्देश्य युवाओं के हाथों से निराशा दूर कर उनके हाथों में किताबें देना और रोजगार के साधन उपलब्ध करवाना है, ताकि इस धरती पर फिर से खुशहाली और चढ़दी कला का दौर लौट सके।
स्पीकर श्री संधवां ने कहा कि शिक्षा जैसे पवित्र क्षेत्र को कुछ संस्थानों द्वारा व्यापार का माध्यम बनाए जाने से आम लोगों का शोषण हो रहा था। ऐसी मनमानी के खिलाफ पंजाब सरकार ने कार्रवाई करते हुए अभिभावकों को अवैध और जबरन फीस से राहत दिलाने के लिए नया कानून लागू किया है, जिसके तहत कोई भी निजी स्कूल सालाना 5 प्रतिशत से अधिक फीस नहीं बढ़ा सकेगा। उन्होंने कहा कि जरूरतमंद विद्यार्थियों की शिक्षा के लिए सरकार ने बड़े प्रयास किए हैं। प्री-मैट्रिक एससी छात्रवृत्ति के तहत 94,092 विद्यार्थियों को 13 करोड़ 30 लाख रुपये, प्री-मैट्रिक ओबीसी छात्रवृत्ति के तहत 14,320 विद्यार्थियों को 5 करोड़ 72 लाख रुपये तथा पोस्ट-मैट्रिक एससी छात्रवृत्ति के लिए 2.45 लाख से अधिक विद्यार्थियों को 302 करोड़ 34 लाख रुपये की राशि जारी की गई है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने अप्रैल 2022 से अब तक युवाओं को 69 हजार से अधिक नियमित सरकारी नौकरियां देकर रोजगार के क्षेत्र में बड़ी मिसाल कायम की है। स्वास्थ्य क्षेत्र में ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत 900 से अधिक सरकारी और निजी अस्पतालों में 10 लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज की सुविधा दी गई है। वहीं प्रदेशभर में खोले गए 1,090 आम आदमी क्लीनिकों में अब तक 6 करोड़ से अधिक लोग मुफ्त इलाज करवा चुके हैं। उन्होंने कहा कि ‘मुख्यमंत्री मावां-धियां सत्कार योजना’ के तहत 74 लाख 59 हजार महिलाएं पंजीकृत हो चुकी हैं और 1 अगस्त 2026 तक 65 लाख 62 हजार लाभार्थी बेटियों-बहनों के बैंक खातों में 2,274.42 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता सीधे पहुंचाई जा चुकी है।
प्रदेश में औद्योगिक क्रांति लाने के लिए पंजाब सरकार ने नई ‘Industrial and Business Development Policy 2026’(‘औद्योगिक एवं व्यवसाय विकास नीति 2026’) लागू की है। इसके परिणामस्वरूप वर्ष 2022 से अब तक पंजाब में 1 लाख 83 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निवेश आया है, जिससे 6 लाख से अधिक युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। इसके अलावा बिजली क्षेत्र में बड़े सुधारों के लिए 5,000 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं, जिनके तहत 1,296 नए 11 केवी फीडर स्थापित किए गए हैं।
इस अवसर पर स्पीकर श्री संधवां ने पंजाब पुलिस, पंजाब महिला पुलिस, पंजाब होमगार्ड के जवानों और एनसीसी कैडेट्स द्वारा किए गए मार्च पास्ट की सलामी ली तथा परेड का निरीक्षण किया। स्कूली बच्चों द्वारा शानदार सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किया गया।
समारोह के दौरान स्वतंत्रता सेनानियों और शहीद सैनिकों के परिवारों सहित विभिन्न क्षेत्रों में नाम कमाने वाली हस्तियों और परेड टुकड़ियों को सम्मानित किया गया। जरूरतमंदों को व्हीलचेयर और सिलाई मशीनें भी वितरित की गईं। इस अवसर पर जिला प्रशासन द्वारा मुख्य अतिथि श्री संधवां और विधायक एडवोकेट लखबीर सिंह राय को विशेष रूप से सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर हलका विधायक एडवोकेट लखबीर सिंह राय, बस्सी पठाना के विधायक रुपिंदर सिंह हैप्पी, एससी विंग के प्रदेश अध्यक्ष श्री गुरप्रीत सिंह जीपी, जिला योजना समिति के चेयरमैन अजय लिबड़ा, मार्केट कमेटी सरहिंद के चेयरमैन श्री गुरविंदर सिंह ढिल्लों, मार्केट कमेटी चनार्थल कलां के चेयरमैन श्री रशपिंदर सिंह राजा, मार्केट कमेटी अमलोह की चेयरपर्सन श्रीमती सुखविंदर कौर गहलोत, जिला परिषद चेयरमैन श्री सिंघारा सिंह सलाना, डिप्टी कमिश्नर डॉ. सोना थिंद, जिला पुलिस प्रमुख श्री शुभम अग्रवाल, अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (जनरल) श्रीमती अमरबीर कौर भुल्लर, अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (विकास) श्री सुरिंदर सिंह धालीवाल, एसडीएम करुण गुप्ता, आरटीओ नमन मड़कन, अमरिंदर सिंह मंडोफल, शनि चोपड़ा, दिलप्रीत सिंह भट्टी सहित अन्य राजनीतिक, धार्मिक और सामाजिक हस्तियां मौजूद थीं।






