जाखल मंडी, 4 अक्टूबर, 2026 (संजीव शर्मा): बृजलाल जिंदल डीएवी सेंटेनरी पब्लिक स्कूल, जाखल मंडी में शिक्षकों एवं शिक्षाविदों के लिए क्षमता निर्माण कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला का आयोजन शिक्षा एवं प्रशिक्षण विभाग के तत्वावधान में किया गया। इसका मुख्य उद्देश्य शिक्षकों को मूल्यपरक शिक्षा के प्रति जागरूक करना तथा विद्यार्थियों में नैतिक मूल्यों और अच्छे संस्कारों के विकास के लिए प्रेरित करना था।
कार्यक्रम में मुख्य प्रशिक्षक के रूप में वीरेंद्र कुमार, हिंदी प्राध्यापक, राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, जहाजपुल, हिसार, ने शिरकत की। उन्हें शिक्षण क्षेत्र में 23 वर्षों का अनुभव है तथा वे कवि एवं लेखक भी हैं। इसके अतिरिक्त कुलबीर सिंह, पीजीटी फिजिक्स एवं रोबोटिक्स ट्रेनर, लोटस इंटरनेशनल स्कूल, उकलाना मंडी, हिसार ने भी प्रशिक्षक के रूप में अपनी भूमिका निभाई। प्रशिक्षकों ने शिक्षकों को मूल्यपरक शिक्षा के महत्व, नैतिकता, अनुशासन, ईमानदारी, सहानुभूति, सहयोग और सामाजिक जिम्मेदारी जैसे विषयों पर मार्गदर्शन दिया। उन्होंने बताया कि शिक्षा का उद्देश्य केवल विद्यार्थियों को किताबी ज्ञान देना नहीं, बल्कि उनके व्यक्तित्व का निर्माण करना और उन्हें जिम्मेदार नागरिक बनाना भी है।

विद्यालय की प्राचार्या कविता शर्मा ने कहा कि नैतिक एवं मूल्यपरक शिक्षा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास की आधारशिला है। शिक्षकों की जिम्मेदारी है कि वे बच्चों को शिक्षा के साथ-साथ अच्छे संस्कार और मानवीय मूल्यों की सीख भी दें, ताकि वे जीवन में सही निर्णय लेकर समाज और राष्ट्र के विकास में योगदान दे सकें।
कार्यक्रम शिक्षकों के ज्ञान, कौशल और शिक्षण दृष्टिकोण को समृद्ध करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रहा।





