हरियाणा, 31 जुलाई,2026 (संजीव सिंगला): हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पंजाब में आम आदमी पार्टी सरकार जनता से किए गए वादे पूरे करने में विफल रही है। उन्होंने कांग्रेस और इंडिया गठबंधन पर निशाना साधते हुए कहा कि उन पर “हाथी के दांत खाने के और, दिखाने के और” वाली कहावत पूरी तरह लागू होती है। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में पंजाब में भाजपा की सरकार बनेगी और हरियाणा की तरह वहां भी डबल इंजन सरकार युवाओं और विकास के लिए काम करेगी।
मुख्यमंत्री गुरुवार को करनाल में आयोजित 77वें राज्य स्तरीय वन महोत्सव के दौरान मीडिया से बातचीत कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने राज्य स्तरीय वन महोत्सव अभियान की जानकारी देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पर्यावरण संरक्षण और स्वच्छ हवा के लिए ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान शुरू किया है। उन्होंने बताया कि हाल ही में प्रधानमंत्री ने प्रदूषण नियंत्रण की दिशा में देश की पहली हाइड्रोजन ट्रेन को हरी झंडी दिखाई, जो पूरी तरह प्रदूषण मुक्त है। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए केंद्र सरकार लगातार प्रयास कर रही है और हरियाणा सरकार भी इस दिशा में प्रभावी कदम उठा रही है। पंजाब में कथित पेपर लीक मामले पर मुख्यमंत्री ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि राज्य में युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि युवाओं को अपमानित किया जा रहा है और उनके साथ धोखा हो रहा है।
उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी के नेता मनीष सिसोदिया ने पहले कहा था कि यदि उनकी सरकार में पेपर लीक होगा तो सबसे पहले शिक्षा मंत्री का इस्तीफा लिया जाएगा, लेकिन अब इस मुद्दे पर सभी चुप हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक के बावजूद न तो आम आदमी पार्टी और न ही कांग्रेस के नेता इस पर बोल रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब के छात्र सड़कों पर प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन उनकी बात सुनने वाला कोई नहीं है। उन्होंने कहा कि न पंजाब सरकार इस मुद्दे पर जवाब दे रही है और न ही राहुल गांधी कोई प्रतिक्रिया दे रहे हैं। वहीं, उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा पेपर लीक मामलों पर सख्त कानून बनाए जाने की सराहना करते हुए कहा कि इससे दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई संभव होगी।
एक अन्य सवाल के जवाब में मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर झूठ फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस शासन के दौरान वर्ष 1986 में लोकसभा में केवल चर्चा हुई थी, लेकिन कोई कानून नहीं बना। जबकि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में वर्ष 2024 में पेपर लीक के खिलाफ सख्त कानून बनाया गया, जिसके तहत दोषियों पर 10 करोड़ रुपये तक का जुर्माना और 10 वर्ष तक की सजा का प्रावधान है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ जिन आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया गया, वह दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि ऐसे शब्द बच्चों के अभिभावकों को भी स्वीकार्य नहीं होंगे। उन्होंने सवाल उठाया कि कांग्रेस युवाओं को किस दिशा में ले जाना चाहती है और उन्हें किस प्रकार के संस्कार देना चाहती है।
राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वे कोई मुद्दा नहीं रखते और पूरे दिन झूठ बोलते हैं। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के 55 वर्षों के शासन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 वर्षों के कार्यकाल की तुलना करने पर दोनों के बीच जमीन-आसमान का अंतर स्पष्ट दिखाई देता है।






